-->



Theme Layout

Theme Translation

Trending Posts Display

Home Layout Display

Posts Title Display

404

We Are Sorry, Page Not Found

Home Page

पहले वनडे में ऑस्ट्रेलिया ने विराट कोहली की टीम को खेल के सभी विभागों में मात दी। एक तरफ जहां टीम जूझ रही है, वहीं रोहित शर्मा की चोट पर पिछले हफ्ते कई और बातें सामने आईं। पहले वनडे से पहले प्रेस कॉन्फ्रेंस में कोहली ने रोहित पर ‘स्पष्टता की कमी’ बताई।

कोहली के अनुसार चयन समिति की मीटिंग से पहले उन्हें मेल से बताया गया कि रोहित का हैम-स्ट्रिंग चोटिल है और वह ऑस्ट्रेलिया दौरे के लिए उपलब्ध नहीं रहेंगे। कोच शास्त्री और बीसीसीआई अध्यक्ष गांगुली ने भी रोहित को जोखिम उठाने से मना किया था। इसके बाद रोहित ने आईपीएल खेला।

रोहित को ऑस्ट्रेलिया जाना था
विराट के अनुसार रोहित को ऑस्ट्रेलिया जाना था, लेकिन उन्हें जानकारी नहीं दी गई कि वे क्यों नहीं गए। कोहली ने ये भी कहा कि साहा की तरह रोहित-इशांत ऑस्ट्रेलिया में होते तो रिहैब आसान होती। भारत लौटने के बाद रोहित फिटनेस पर काम कर रहे हैं। उन्होंने इंटरव्यू में कहा कि उनका हैमस्ट्रिंग ठीक है और वे टेस्ट की तैयारी कर रहे हैं।

डैमेज कंट्रोल मोड में BCCI
अब BCCI डैमेज कंट्रोल मोड में आ गई। आधी रात को प्रेस रिलीज जारी कर रोहित-इशांत पर जानकारी दी। 11 दिसंबर को रोहित का फिटनेस टेस्ट है। क्वारेंटाइन नियमों की वजह से वे पहले दो टेस्ट में हिस्सा नहीं ले पाएंगे। अब सवाल ये उठता है कि अगर वे फिट नहीं थे तो टेस्ट टीम में जगह क्यों मिली और अगर जगह मिली तो वे ऑस्ट्रेलिया क्यों नहीं गए? इस मुद्दे पर बार-बार अलग बातें सामने आ रही हैं। इस तरह की समस्याओं से निपटने में मनमानी और पारदर्शिता की कमी भारतीय क्रिकेट की छवि खराब कर रही है।

खेल में खिलाड़ियों के बीच मतभेद आम

रोहित और कोहली भी इससे नहीं बच सकते। फोन उठाना और एक-दूसरे से बात करना कितना मुश्किल था? खेल में खिलाड़ियों के बीच मतभेद आम है। लेकिन महत्वपूर्ण ये है कि व्यक्तिगत मामले अलग रखने चाहिए। दो बड़े खिलाड़ियों को अपना विवाद खुद सुलझाना चाहिए।



Download Dainik Bhaskar App to read Latest Hindi News Today
एक मैच के दौरान भारतीय टीम के ओपनर रोहित शर्मा और कप्तान विराट कोहली। -फाइल फोटो


from Dainik Bhaskar https://ift.tt/3qik4PJ