-->



Theme Layout

Theme Translation

Trending Posts Display

Home Layout Display

Posts Title Display

404

We Are Sorry, Page Not Found

Home Page

उत्तर प्रदेश के मिर्जापुर में अहरौरा नगर पालिका परिषद में तैनात जूनियर इंजीनियर सुशील मोहन निगम ने गुरुवार को फांसी लगाकर खुदकुशी करने का प्रयास किया। बुधवार रात उन्होंने सोशल मीडिया पर लिखा कि वे नौकरी और जीवन से तंग आ गए हैं। मेरे परिवार का ख्याल रखना।

इसकी जानकारी पुलिस को हुई तो पहले इंजीनियर का दरवाजा खुलवाने की कोशिश की गई। लेकिन जब दरवाजा नहीं खुला तो उसे तोड़ दिया गया। पुलिस भीतर दाखिल हुई तो देखा कि कमरे में फांसी का फंदा पंखे से लटक रहा था, वहीं JE पलंग पर बैठकर रो रहा था। JE को अस्पताल में भर्ती करवाया गया है। JE ने चेयरमैन पर गंभीर आरोप लगाए हैं। मामले की जांच चल रही है।

जूनियर इंजीनियर अवसाद में है। उसे अस्पताल में भर्ती करवाया गया।

कई दिनों से मांग रहा छुट्टी मगर नहीं मिली
अवर अभियंता सिविल सुशील मोहन निगम ने कहा कि अहरौरा नगर पालिका परिषद के चेयरमैन गुलाब मौर्य से कई दिनों से छुट्टी मांग रहा हूं, लेकिन उन्होंने अधिशासी अधिकारी (EO) विनय कुमार तिवारी पर टाल दिया। लेकिन EO ने भी अवकाश नहीं दिया। इस बाबत बुधवार को शाम 6 बजे चेयरमैन से मिलने पहुंचा था। लेकिन उन्होंने मुझे अपमानित किया और धक्का देकर गिरा दिया। इसके बाद मैं तुरंत ही वहां से बिना कुछ कहे-सुने अपमान का घूंट पीकर अपने आवास पर आ गया।

लेकिन वह घटना बार-बार मेरे दिलो-दिमाग व आंखों में घूमने के कारण मुझे उठते-बैठते चैन नहीं पड़ रहा था तो फिर रात 9:30 बजे मैं EO विनय कुमार तिवारी के आवास पर उनसे मिलने गया। लेकिन उन्होंने भी मुझसे कोई बात नहीं की। पूरी रात मुझे नींद भी नहीं आई।

अस्पताल में भर्ती पीड़ित जूनियर इंजीनियर।

कभी मेरा वेतन रोका जाता है तो कभी बोनस

मेरी तैनाती अपने घर से काफी दूर होने के कारण मेरे अधिकांश सार्वजनिक अवकाश यहीं तैनाती स्थल पर ही व्यतीत हो जाते हैं। यहां मेरा मानसिक उत्पीड़न किया जाता रहता है। मेरी मौजूदगी के बाद भी अनुपस्थिति लगा दी जाती है। कभी मेरा वेतन रोक दिया जाता है, कभी मेरा वेतन अदेय कर दिया जाता है, कभी मेरा बोनस रोक दिया जाता है। मेरा सर्विस रिकार्ड खराब करने की कोशिश की जाती रहती है। इस प्रकार से मुझे यहां बंधक बना लिया गया है। इससे नौकरी करने के साथ-साथ ही मेरी जीने की तमन्ना भी अब समाप्त हो गई है।



Download Dainik Bhaskar App to read Latest Hindi News Today
यह फोटो मिर्जापुर की है। पुलिस जूनियर इंजीनियर के कमरे में दाखिल हुई तो वे पलंग पर रोते हुए मिले।


from Dainik Bhaskar https://ift.tt/2LZp1Nn